महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के बेटे ऋषिकेश ने धनशोधन मामले में जमानत के लिए खटखटाया सत्र अदालत का दरवाजा।
मुंबई: महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के बेटे ऋषिकेश ने 100 करोड़ रुपये के धनशोधन मामले में अग्रिम जमानत के लिए शनिवार को सत्र न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।
मनी लॉन्ड्रिंग केस: अनिल देशमुख के बेटे ऋषिकेश को सताया गिरफ्तारी का डर, अग्रिम जमानत के लिए खटखटाया कोर्ट का दरवाजा
— Bunty Verma (@inderveshverma) November 6, 2021
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने ऋषिकेश को पूछताछ के लिए पेश होने के लिए तलब किया था, हालांकि वह शुक्रवार को ईडी के सामने पेश नहीं हुए और ऐसा तीसरी बार हुआ है।
महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख को 14 दिन की जेल हो गई है.
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार की 1000 करोड़ की संपत्ति ईडी ने अटैच की है.
बड़ी बात ये है कि इन दोनों खबरों पर हर तरफ चुप्पी है तथा कोई चर्चा तक नहीं कर रहा है.
लेकिन अगर ऐसा यूपी में होता तो? pic.twitter.com/9NTtYTFSZN
— Minakshi Shriyan (@Minakshishriyan) November 6, 2021
उनके पिता एवं राकांपा नेता अनिल देशमुख को इसी मामले में दो नवंबर को मुंबई की एक अवकाशकालीन अदालत ने छह नवंबर तक ईडी की हिरासत में भेज दिया था।
ईडी ने मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परम बीर सिंह द्वारा लगाए गए रिश्वत के आरोपों के आधार पर अनिल के खिलाफ मामला दर्ज किया था, जिस कारण उन्हें गृह मंत्री के पद से इस्तीफा देना पड़ा था।
रम बीर सिंह ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को एक पत्र लिखकर आरोप लगाया था कि तत्कालीन गृह मंत्री देशमुख ने सहायक निरीक्षक सचिन वजे के माध्यम से दिसंबर, 2020 और फरवरी 2021 के बीच विभिन्न ऑर्केस्ट्रा और बार मालिकों से जबरन लगभग 4.7 करोड़ रुपये नकद वसूले थे।
ईडी ने मंगलवार को अदालत में दावा किया कि श्री देशमुख धनशोधन के अपराध में सीधे तौर पर शामिल थे।
ईडी ने सह-आरोपी वजे के बयान के अलावा दो और पुलिस अधिकारियों के बयान दर्ज किए हैं।
