राम गोपाल ने इलाहाबाद हाई कोर्ट टिप्पणी को दुर्भाग्यपूर्ण बताया, जिसमें चुनाव आयोग से कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे के मद्देनजर उ. प्र. विधानसभा चुनाव टालने का अनुरोध किया गया है.
नयी दिल्ली: समाजवादी पार्टी (सपा) के वरिष्ठ नेता एवं राज्य सभा सदस्य प्रो राम गोपाल यादव ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय के एक न्यायाधीश की उस टिप्पणी को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है कि जिसमें चुनाव आयोग से कोरोना वायरस संक्रमण के बढ़ते खतरे के मद्देनजर उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव टालने का अनुरोध किया गया है.
प्रो यादव ने उच्चतम न्यायालय से इस टिप्पणी पर स्वत: संज्ञान लेने की अपील की है.
गौरतलब है कि इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायाधीश शेखर यादव ने गुरुवार को जमानत की एक अर्जी पर आदेश देते हुए चुनाव आयोग से कोविड-19 के नये रूप ओमिक्रॉन के बढ़ते खतरे के मद्देनजर उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव टालने और चुनावी रैलियों पर रोक लगाने का अनुरोध किया है.
प्रो यादव ने कहा कि उच्च न्यायालय की तरफ से इस तरह का अनुरोध दुर्भाग्यपूर्ण है.
उन्होंने कहा,“ मेरी मांग है कि उच्चतम न्यायालय इस मामले में स्वत: संज्ञान ले और इस तरह के निर्देश देने वाले लोगों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करे.”
भाजपा हार से डरी हुई है,हाईकोर्ट द्वारा चुनाव टालने की बात कहना दुर्भाग्यपूर्ण है-प्रो.रामगोपाल यादव जी @yadavakhilesh @proframgopalya1 pic.twitter.com/FbD8deBTk0
— Shamsher Malik (@ShamsherMalikSP) December 24, 2021
उन्होंने इसे गैरजरूरी टिप्पणी बताते हुये कहा कि उच्च न्यायालय में इस तरह की मांग करने वाली कोई अपील भी दायर नहीं की गयी थी.
इस पर उच्चतम न्यायालय को इस पर संज्ञान लेकर कार्रवाई करनी चाहिए.
