निर्मला सीतारमण ने कहा क्रिप्टोकरेंसी से अवांछित गतिविधियों को बढ़ावा मिल सकता है इसलिए करीबी निगरानी जरूरी, लेकिन क्रिप्टोकरेंसी के विज्ञापनों पर रोक लगाने का निर्णय अभी लिया नहीं गया है.
नयी दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज राज्य सभा में कहा कि देश में आभासी मुद्रा ( क्रिप्टोकरेंसी ) से संबंधित विधेयक कैबिनेट की मंजूरी के बाद आयेगी लेकिन क्रिप्टो को लेकर विभिन्न माध्यमों पर आ रहे क्रिप्टोकरेंसी के विज्ञापनों पर रोक लगाने का निर्णय अभी नहीं लिया गया है.
श्रीमती सीतारमण ने प्रश्नकाल के दौरान सदन में पूरक प्रश्नों के उत्तर में कहा कि यह एक जोखिम भरा है और यह पूरी तरह से नियामक फ्रेमवर्क भी नहीं है.
इसके विज्ञापनों पर रोक लगाने का निर्णय भी नहीं लिया गया है.
भारतीय रिजर्व बैंक और सेबी के माध्यम से लोगों में इसके प्रति जागरुकता लाने की कोशिश की गयी है.
क्रिप्टो करेंसी पर बिल लाने की तैयारी में सरकार, हमें बिल पर चर्चा करनी होगी ,विपक्ष भी इसमें सहयोग करे
क्रिप्टो करेंसी को लेकर भ्रामक विज्ञापनों के लिए उचित कदम उठाए जा रहे है: वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन@nsitharaman pic.twitter.com/5AGzIdMhft
— डीडी न्यूज़ (@DDNewsHindi) November 30, 2021
उन्होंने कहा कि आभासी मुद्राओं से अवांछित गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकता है, इसलिए इस पर करीबी निगरानी की जायेगी.
उन्होंने कहा कि सरकार इसके लिए एक विधेयक लाने की तैयारी कर रही है जिसमें पुराने विधेयक के साथ ही नये प्रावधान भी होंगे.
वित्त मंत्री ने कहा कि कहा कि नॉन फंगिबल टोकन्स (एनएफटी) के नियम पर भी चर्चा की जायेगी.
भारतीय जनता पार्टी के सुशील कुमार मोदी द्वारा इस संबंध में पूछे गये पूरक प्रश्न पर उन्होंने कहा कि एनएफटी के नियम पर भी चर्चा ही जायेगी.

