इटली की कंपनी अगुस्ता वेस्टलैंड से प्रतिबंध हटाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी और केंद्र सरकार पर सवाल उठाते हुए कांग्रेस ने कहा कि कंपनी के साथ किये गये ‘गुप्त समझौते’ को सार्वजनिक करे सरकार।
नयी दिल्ली: कांग्रेस ने इटली की कंपनी अगुस्ता वेस्टलैंड पर भ्रष्टाचार के कारण लगे प्रतिबंध हटाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर सोमवार को सवाल उठाये और कहा कि कंपनी के साथ किये गये ‘गुप्त समझौते’ को सार्वजनिक किया जाना चाहिए।
कांग्रेस प्रवक्ता प्रो. गौरव वल्लभ ने यहां पार्टी मुख्यालय में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि मोदी सरकार ने इटली की भारत में प्रतिबंधित कंपनी अगुस्ता वैस्टलैंड के साथ कारोबार करने का फैसला किया है।
सरकार ने कंपनी पर लगा प्रतिबंध हटा लिया है।
सरकार को उस ‘गुप्त समझौते’ का खुलासा करना चाहिए जो प्रधानमंत्री ने इटली के प्रधानमंत्री के साथ जी – 20 बैठक के दौरान रोम में किया है।
प्रधानमंत्री जी देश को बताएं कि अब अगुस्ता वेस्टलैंड कंपनी भ्रष्ट है या नहीं? क्या मोदी जी झूठ बोलने के लिए माफी मांगेंगे? कांग्रेस सरकार ने इस कंपनी के खिलाफ ने जो जांच शुरू करवाई थी क्या वो जारी रहेगी या बन्द कर दी जाएगी? : कांग्रेस प्रवक्ता @GouravVallabh @DushyantNaagar
— सतीश सिंह गुर्जर (@Gurjarsaab24) November 8, 2021
उन्होेंने कहा कि श्री मोदी की इटली के प्रधानमंत्री के साथ एक बैठक हुई। इसमें केवल विदेशमंत्री एस. जयशंकर और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोवाल मौजूद थे।
कांग्रेस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि इस बैठक का ब्यौरा का सार्वजनिक नहीं किया गया और इसके बाद अगुस्ता वेस्टलैंड से प्रतिबंध हटा दिया गया।
उन्होंने कहा कि इस बैठक के दौरान एक ‘गुप्त समझौता’ किया गया जिसे सरकार को सार्वजनिक करना चाहिए।
यह पूरे देश से जुड़ा मामला है और सरकार के इस फैसले से खजाने पर भी भारी असर पड़ेगा।
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी अगुस्ता वेस्टलैंड पर से प्रतिबंध हटाने को लेकर सरकार पर तंज किया और कहा, “पहले अगुस्ता भ्रष्ट था, अब भाजपा लॉन्ड्री में धुलकर साफ़ हो गया।”
पहले #Augusta भ्रष्ट था,
अब भाजपा लॉन्ड्री में धुलकर साफ़ हो गया!#RIPlogic— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) November 8, 2021
इससे पहले कांग्रेस के मीडिया प्रभारी रणदीप सुरजेवाला ने अगुस्ता वेस्टलैंड को लेकर सरकार पर निशाना साधा और कई ट्वीट किये।
उन्होेंने कहा, “पहले हमने कहा था- “चोर मचाए शोर” आज साबित हुआ है कि- “चोर ने ही मचाया था शोर” क्योंकि उसने ही किया है “घोटाला वंस मोर।”

